8th Pay Commission Latest News: केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स के लिए साल 2026 की शुरुआत राहत भरी खबर लेकर आ रही है। दिसंबर 2025 का ऑल इंडिया कंज़्यूमर प्राइस इंडेक्स–इंडस्ट्रियल वर्कर्स (AICPI-IW Data) जारी हो चुका है। लेबर ब्यूरो के ताजा आंकड़ों के अनुसार, जनवरी 2026 से महंगाई भत्ता (Dearness Allowance – DA) और महंगाई राहत (Dearness Relief – DR) में 2-2 प्रतिशत की बढ़ोतरी लगभग तय मानी जा रही है।
फिलहाल केंद्रीय कर्मचारियों को 58 प्रतिशत DA मिल रहा है, जो बढ़कर 60 प्रतिशत हो सकता है। यह बढ़ोतरी ऐसे समय में सामने आई है, जब 7वें वेतन आयोग की अवधि 31 दिसंबर 2025 को समाप्त हो चुकी है और 8वां वेतन आयोग 1 जनवरी 2026 से लागू माना जा रहा है।
8वें वेतन आयोग से पहले भी DA क्यों बढ़ेगा?
भले ही 8th Pay Commission को लेकर चर्चाएं तेज हैं, लेकिन जब तक इसकी सिफारिशें आधिकारिक रूप से लागू नहीं होतीं, तब तक DA और DR की गणना 7वें वेतन आयोग के फॉर्मूले के आधार पर ही की जाएगी। इसी वजह से जनवरी 2026 से मिलने वाली DA बढ़ोतरी भी पुराने फॉर्मूले के अनुसार तय मानी जा रही है।
सरकार की यह प्रक्रिया केंद्रीय कर्मचारियों की नौकरी और पेंशन से जुड़ी आय को महंगाई के असर से बचाने के लिए अपनाई जाती है।
कैसे तय हुआ 2% DA बढ़ना? (DA Calculation Formula)
लेबर ब्यूरो के अनुसार, दिसंबर 2025 में AICPI-IW इंडेक्स 148.2 पर स्थिर रहा, जो नवंबर 2025 के बराबर है। पिछले 12 महीनों का औसत AICPI-IW 145.54 निकलता है।
DA की गणना के लिए 2016 बेस ईयर के आंकड़ों को 2.88 के फैक्टर से गुणा किया जाता है। इस फॉर्मूले से DA करीब 60.33 प्रतिशत बैठता है। हालांकि, केंद्र सरकार हमेशा DA को राउंड फिगर में लागू करती है, इसलिए इसे 60 प्रतिशत माना जाएगा। इस तरह मौजूदा 58 प्रतिशत DA में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी तय मानी जा रही है।
DA क्या है और साल में कितनी बार बढ़ता है? (What is DA)
महंगाई भत्ता यानी DA, केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स को बढ़ती महंगाई से राहत देने के लिए दिया जाता है। यह सीधे बेसिक सैलरी पर मिलता है, इसलिए DA बढ़ते ही कुल वेतन अपने आप बढ़ जाता है।
केंद्र सरकार आमतौर पर साल में दो बार—जनवरी और जुलाई में—DA बढ़ाती है। इससे पहले अक्टूबर 2025 में DA को 55 प्रतिशत से बढ़ाकर 58 प्रतिशत किया गया था।
सैलरी पर कितना पड़ेगा असर? (Salary Impact)
अगर DA 58% से बढ़कर 60% हो जाता है, तो इसका सीधा फायदा कर्मचारियों की मासिक सैलरी पर पड़ेगा।
- ₹20000 बेसिक सैलरी पर करीब ₹400 प्रति माह की बढ़ोतरी
- ₹50000 बेसिक पर लगभग ₹1000 प्रति माह का फायदा
- ₹1 लाख बेसिक सैलरी पर करीब ₹2,000 प्रति माह की वृद्धि
पेंशनर्स की महंगाई राहत (DR) में भी इसी अनुपात में इजाफा होगा। कुल मिलाकर, बढ़ती महंगाई के दौर में यह 2% DA बढ़ोतरी केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनर्स की नौकरी से जुड़ी आय के लिए एक अहम राहत मानी जा रही है।